3 साल का वर्किंग एक्सपीरियंस है तो अगले 6 महीने में मिल जाएगी नौकरी! 

3 साल का वर्किंग एक्सपीरियंस है तो अगले 6 महीने में मिल जाएगी नौकरी! 

Ashish Urmaliya | The CEO Magazine

अगर आप नौकरी की तलाश में हैं, तो आने वाले 6 महीने आपके लिए बेहद खास होने वाले हैं। क्योंकि इस साल की दूसरी 6 माही (जो की अभी चल रही है) में देश की कई बड़ी कंपनियां नई नयुक्तियां करने का प्लान बना चुकी हैं। सबसे अधिक फायदा उन लोगों को होने वाला है जिनके पास 3 से 5 साल का वर्किंग एक्सपीरियंस है। यह जानकारी एक सर्वे रिपोर्ट के जरिये सामने आई है। और यह सर्वे किया है नौकरी.कॉम ने।

लोगों को मनचाही नौकरी दिलवाने वाली जॉब साईट नौकरी.कॉम ने अपने 6 माही सर्वे 'नौकरी हायरिंग आउटलुक जुलाई-दिसंबर 2019' में जानकारी दी है, कि सर्वे में शामिल करीब 78 फीसदी कंपनियों ने अगले 6 महीनों में हायरिंग एक्टिविटी को बढ़ाने का फैसला किया है। नौकरी.कॉम के मुताबिक, पिछले साल इसी समय किये गए सर्वे में यह आंकड़ा 70 फीसदी का था। समस्या यह है, कि रोजगार के मौके तो बहुत बन रहे हैं, लेकिन कंपनियों को काबिल उम्मीदवार नहीं मिल पा रहे हैं। और काबिल उम्मीदवार की तलाश करना कंपनियों के लिए बड़ी मुसीबत बन गई है। इस सर्वे में 41 फीसदी रोजगार प्रदाताओं ने बताया है, कि अगले 6 महीने में टैलेंट की तंगी बढ़ सकती है पिछले साल यह आशंका लगभग 50 फीसदी रोजगार प्रदाताओं ने जताई थी।

नौकरी.कॉम के इस खास सर्वे के मुताबिक, इस साल सबसे ज्यादा हायरिंग 3 से 5 साल तक का अनुभव रखने वाले उम्मदीवारों की होगी। फिर इसके बाद 1 से 3 साल का अनुभव रखने वालों की बारी आएगी। इस 6 माही में जितनी भी हायरिंग होगी उसमें से 18 फीसदी का लाभ 8 साल या उससे अधिक अनुभव रखने वालों को मिलेगा।

बीपीओ सेक्टर की कंपनियां अपनी हायरिंग में 50 फीसदी का आरक्षण 0 से 1 साल का अनुभव रखने वाले उम्मीदवारों को देंगी। ऑटोमोबाइल सेक्टर की कंपनियों की बात की जाये तो ये कंपनियां 12 साल से ज्यादा का अनुभव रखने वाले प्रोफेशनल्स को ही हायर करेंगी।

बीएफएसआई, आईटी और बीपीओ सेक्टर में 80-85 फीसदी नई जॉब्स पैदा होने की संभावना है

इस रिपोर्ट में 16 फीसदी कंपनियों ने कहा है कि अगले 6 महीने में सिर्फ रिप्लेसमेंट हायरिंग होगी। वहीँ 5 फीसदी कंपनियों का मानना है कि हायरिंग में कोई बढ़ोतरी नहीं होगी। कुल कंपनियों में से 1 फीसदी ने सिर्फ और सिर्फ छंटनी की आशंका जताई है। बीएफएसआई, आईटी और बीपीओ सेक्टर में 80-85 फीसदी कंपनियों ने नई नौकरियां पैदा होने का संकेत दिया है।

लोग नौकरी क्यों बदलेंगे?

बेहतर सैलरी, अच्छी प्रोफाइल और  भविष्य विकास (करियर ग्रोथ) नौकरी बदलने वाले लोगों की सबसे बड़ी वजह है। जबकि कुछ लोग रिलोकेशन और अपने मैनेजर के चलते अपनी नौकरी बदलते हैं। आपको बता दें, नौकरी.कॉम के इस हायरिंग आउटलुक सर्वे में देश की 15 से ज्यादा बड़ी इंडस्ट्रीज की लगभग 2700 कंपनियों और कंसल्टेंट्स को शामिल किया गया था।

Pratinidhi Manthan
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