आ रहा है, पुरुषों वाला गर्भ निरोधक जेल, आसानी से प्रेगनेंसी रोकेगा

आ रहा है, पुरुषों वाला गर्भ निरोधक जेल, आसानी से प्रेगनेंसी रोकेगा

Ashish Urmaliya | PM

पुरुषों के पास फिलहाल गर्भ निरोध करने का एक ही तरीका है- कंडोम। महिला हो या पुरुष सामान्य सी बात है, अनचाहे गर्भ की वजह से परेशानी जोड़े को (दोनों को) ही उठानी पड़ती है। हालांकि अनचाहे गर्भ को रोकने के लिए महिलाएं दवाइयां टेबलेट्स वगैरह का उपयोग करती हैं लेकिन यह तरीका काफी जोखिम भरा व नुक्सान दायक होता है। इन्हीं सब बातों को मद्देनज़र रखते हुए वैज्ञानिक पुरुषों के लिए बर्थ कंट्रोल के सबसे आसान और सस्ते तरीके की खोज करने के अंतिम चरण में हैं। ये शोध ब्रिटेन के एडिनबर्ग विश्वविद्यालय के वैज्ञानिकों की तरफ से किया जा रहा है। बताया जा रहा है कि यह नया गर्भ निरोधक जेल के रूप में होगा।

वैज्ञानिकों ने इस जेल को NES/T नाम दिया है जिसे पुरुष गर्भ निरोध की दिशा में एक महत्वपूर्ण खोज माना जा रहा है। ऐसी उम्मीद की जा रही है कि पुरुषों के बर्थ कंट्रोल के इस तरीके के चलते महिलाओं पर पड़ने वाला गर्भ निरोधक का बोझ कम हो जाएगा।

इस ख़ास शोध में University of Edinburgh के वैज्ञानिकों ने 100 से अधिक पुरुषों को का इस्तेमाल करने को कहा था। दरअसल NES/T जेल एक सिंथेटिक के रूप में काम करता है जो टेस्टोस्टेरोन के जरिए यौन इच्छा को बढ़ाता है और प्रोजेस्टिन हार्मोन के जरिए स्पर्म के स्तर को धीमा कर देता है। ख़ास बात यह है कि पुरुषों को इस जेल का उपयोग अपने लिंग या उसके आस-पास भी नहीं करना, पुरुषों को यह जेल अपनी बाजुओं और कंधे पर लगाना होगा, जिसके बाद स्किन इस जेल में मौजूद हार्मोन्स को एब्सोर्ब कर पुरुषों में स्पर्म के प्रोडक्शन को स्वतः कम कर देगी, है न कमाल की बात?

University of Edinburgh के वैज्ञानिकों की इस शोध में शामिल सभी पुरुषों ने ये जेल हर दिन अपनी ऊपरी बाजू और कंधों पर लगाया। डॉक्टरों ने ट्रायल के दौरान लगातार इन पुरुषों के स्पर्म काउंट पर निगरानी रखी और नतीजे

सुलभ रहे। आपको बता दें, NES/T जेल ठीक उसी जेल की तरह ही काम करता है जैसे कम टेस्टोस्टेरोन वाले पुरुषों की जांघों और धड़ पर लगाने वाला जेल करता है।

NES/T जेल के इस सफल ट्रायल के बाद दावा किया जा रहा है कि अधिकतर पुरुष अनचाहे गर्भ को रोकने के लिए कंडोम और मेल पिल्स की बजाय जेल का ही चुनाव करना पसंद करेंगे। शोधकर्ताओं की टीम के अहम सदस्य डॉक्टर बेबाक अशरफी ने 'द टेलीग्राफ' से बात करते हुए जानकारी दी है कि इस जेल के इस्तेमाल के बाद लोग ज्यादा सुखद व संतुष्ट दिखाई देते हैं।

डॉ. अशरफी ने बताया कि, शुरुआत में कुछ पुरुषों को गर्भ निरोधक का ये तरीका थोड़ा भारी, परेशानी वाला लग सकता है क्योंकि इस जेल को लगाने के बाद सुखाने में थोड़ा वक्त लगता है। इसके साथ ही यह बिलकुल नया तरीका है इसलिए लंबी अवधि में इसके परिणामों को पूरी तरह से समझा जाना अभी बाकी है। यही दो वजहें हैं कि शुरुआत में कुछ लोग इसे लेने में हिचकिचा सकते हैं। हालांकि इसका कोई साइड इफ़ेक्ट नहीं है।

इस तरह की शोधों का सिलसिला कई वर्षों से चला आ रहा है!

खासतौर पर पुरुषों के लिए बर्थ कंट्रोल को लेकर पिछले कुछ सालों में कई तरह के शोध हुए हैं. 2016 में वॉल्वरहैम्प्टन विश्वविद्यालय के शोधकर्ताओं ने जानकारी दी थी कि उन्होंने शुक्राणु(Sperm) स्विमिंग को रोकने का तरीका विकसित कर लिया है। इस तरीके की मदद से छोटे-छोटे कंपाउंड स्पर्म के साथ मिलकर उसकी क्षमता को कम कर देंगे। क्षमता कम होने की वजह से पुरुष महिलाओं को प्रेग्नेंट नहीं कर पाएंगे।

Pratinidhi Manthan
www.pratinidhimanthan.com